अंतराष्ट्रीय ख़बरें

नेपाल में बाढ़ के 22 दिन बाद भी नहीं थमी त्रासदी, 6,150 लोग लापता; मलबे से लगातार निकल रहे शव

नेपाल त्रासदी में लापता लोगों की संख्या 6 हजार के पार, 2 हाइड्रो-पावर टनल से मिले 10 शव; अब तक क्या-क्या हुआ?

काठमांडू। नेपाल में 26 अगस्त को आई भीषण बाढ़ और इसके बाद हुई तबाही का असर 22 दिन बाद भी खत्म नहीं हुआ है। आपदा के बाद बड़ी संख्या में लोग अब भी लापता हैं, जबकि प्रभावित इलाकों में राहत एवं बचाव अभियान के दौरान मलबे और हाइड्रोपावर परियोजनाओं की सुरंगों से शव बरामद किए जा रहे हैं। नेपाल में लापता लोगों की संख्या अब 6,150 पहुंच गई है।

प्रभावित जिलों में दोबारा सत्यापन और जांच के बाद लापता लोगों की सूची में करीब 1,000 नए नाम जोड़े गए हैं। नेपाल ने बुधवार को लापता लोगों का आंकड़ा 5,179 से बढ़ाकर 6,150 कर दिया। आपदा प्राधिकरण के प्रवक्ता शांति महत के अनुसार जिला कार्यालयों से लगातार जानकारी जुटाई जा रही थी और सत्यापन के बाद आंकड़ों को अपडेट किया गया है।

नेपाल में 1,403 मौतें, 6,150 लोग अब भी लापता

आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक नेपाल में बाढ़ और आपदा से अब तक 1,403 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 6,150 लोग लापता बताए जा रहे हैं। वहीं तिब्बत में 43 लोगों की मौत और 519 लोगों के लापता होने की जानकारी सामने आई है। इस तरह नेपाल और तिब्बत में मिलाकर 1,446 लोगों की मौत और कम से कम 6,669 लोगों के लापता होने की बात सामने आई है। लापता लोगों में करीब 189 भारतीय नागरिक भी शामिल बताए जा रहे हैं।

हाइड्रोपावर प्रोजेक्टों की सुरंगों में फंसे मजदूर

बाढ़ के समय नेपाल में करीब 12 हाइड्रोपावर परियोजनाओं में निर्माण और अन्य कार्य चल रहे थे। अचानक आई बाढ़ और मलबे के कारण इन परियोजनाओं की सुरंगों और भूमिगत हिस्सों में बड़ी संख्या में मजदूर फंस गए। आपदा के तुरंत बाद नेपाली सुरक्षा बलों और बचाव दलों ने राहत एवं खोज अभियान शुरू किया, लेकिन भारी मलबे और मुश्किल भौगोलिक परिस्थितियों के कारण कई स्थानों तक पहुंचना चुनौतीपूर्ण बना हुआ है।

चिलिमे में भूमिगत पावरहाउस से पांच शव बरामद

चिलिमे में भारतीय सेना के विशेष जवानों और नेपाली बचाव दल की मदद से भूमिगत पावरहाउस तक पहुंच बनाई गई। यहां तलाशी अभियान के दौरान पांच शव बरामद किए गए।

मलबा इतना अधिक था कि खुदाई करने वाली मशीनें आगे नहीं बढ़ सकीं। इसके बाद बचाव दल ने अंतिम हिस्से की खुदाई हाथों से की। बताया गया कि करीब छह कर्मचारी अंदर फंसे हो सकते हैं। पांच शव मिलने के बाद अब एक कर्मचारी की तलाश जारी है।

अपर त्रिशूली-1 की सुरंग से भी पांच शव मिले

इसी बीच रसुवा स्थित अपर त्रिशूली-1 हाइड्रोपावर परियोजना में भी खोज एवं बचाव अभियान जारी रहा। बुधवार को नेपाली सेना और परियोजना की संयुक्त टीम ने सुरंग के अंदर तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान ऑडिट-3 टनल से पांच शव बरामद किए गए।

रसुवा के असिस्टेंट चीफ डिस्ट्रिक्ट ऑफिसर ध्रुबा प्रसाद अधिकारी ने बताया कि नेपाली सेना और हाइड्रोपावर परियोजना की संयुक्त टीम को सर्च एवं रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान ऑडिट-3 टनल के भीतर शव मिले।

22 दिन बाद भी जारी है तलाश

नेपाल में आई इस आपदा के करीब तीन सप्ताह बाद भी कई परिवार अपने लापता परिजनों की जानकारी का इंतजार कर रहे हैं। प्रभावित जिलों में प्रशासन की ओर से आंकड़ों का दोबारा सत्यापन किया जा रहा है। इसी प्रक्रिया में लापता लोगों की संख्या में बड़ा इजाफा हुआ है।

भारी मलबे, क्षतिग्रस्त सड़कों और हाइड्रोपावर परियोजनाओं के भूमिगत हिस्सों में पहुंच की कठिनाइयों के बावजूद नेपाली सेना, बचाव दल और परियोजना कर्मियों की संयुक्त टीमें लगातार तलाशी अभियान चला रही हैं। मलबे से शव मिलने का सिलसिला जारी रहने के कारण मृतकों और लापता लोगों की संख्या में आगे भी बदलाव की संभावना बनी हुई है।

Advertisement