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नैनीताल जिले में खाद्य प्रतिष्ठानों पर सघन जांच, तीन खाद्य नमूने प्रयोगशाला भेजे

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नैनीताल। आयुक्त खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन उत्तराखंड तथा जिलाधिकारी नैनीताल के निर्देश पर आगामी त्योहारों को देखते हुए खाद्य पदार्थों में मिलावट, कालाबाजारी और अस्वच्छता के खिलाफ खाद्य सुरक्षा विभाग ने अभियान तेज कर दिया है।

इसी क्रम में श्रीकैंचीधाम क्षेत्र के कैंची, छड़ा, खैरना और गरमपानी में संयुक्त टीम ने एक दर्जन से अधिक खाद्य प्रतिष्ठानों का सघन निरीक्षण किया।
संयुक्त टीम ने क्षेत्र के रेस्टोरेंट, किराना दुकानों, फल-सब्जी विक्रेताओं और मिठाई की दुकानों में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, साफ-सफाई, भंडारण व्यवस्था, बिलिंग तथा खाद्य सुरक्षा संबंधी नियमों के अनुपालन की जांच की। निरीक्षण के दौरान टीम ने प्रतिष्ठान संचालकों को खाद्य सामग्री की गुणवत्ता और स्वच्छता को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।
तीन खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए भेजे
निरीक्षण के दौरान गुणवत्ता को लेकर संदेह होने पर दो विक्रेताओं से संतरा जूस, आंवला जूस और मलाई पेड़ा के कुल तीन खाद्य नमूने लिए गए। इन नमूनों को गुणवत्ता की जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। प्रयोगशाला रिपोर्ट के आधार पर संबंधित विक्रेताओं के विरुद्ध नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
दो प्रतिष्ठानों को ऑनलाइन नोटिस, एक पर कोर्ट चालान की तैयारी
जांच के दौरान खाद्य सुरक्षा अधिनियम के प्रावधानों का अनुपालन नहीं करने वाले दो प्रतिष्ठानों को ऑनलाइन नोटिस जारी किए गए हैं। विभाग के अनुसार नोटिस का 15 दिन के भीतर अनुपालन नहीं किए जाने पर संबंधित प्रतिष्ठानों के खिलाफ कोर्ट चालान की कार्रवाई की जाएगी। इसके तहत एफएसएस एक्ट की धारा 55 के अंतर्गत दो लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है।
वहीं, एक प्रतिष्ठान में कालातीत खाद्य सामग्री पाए जाने पर उसके खिलाफ कोर्ट चालान की कार्रवाई प्रस्तावित की जा रही है। विभाग ने स्पष्ट किया कि खराब अथवा एक्सपायरी डेट वाली खाद्य सामग्री का भंडारण और बिक्री किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी।
रक्षाबंधन और जन्माष्टमी को लेकर बढ़ाई सतर्कता
वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी असलम खान ने बताया कि आगामी रक्षाबंधन और जन्माष्टमी पर्व को देखते हुए विभाग द्वारा विशेष सतर्कता बरती जा रही है। त्योहारों के दौरान मिठाई, जूस, दुग्ध उत्पाद और अन्य खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ जाती है, ऐसे में मिलावट की आशंका को देखते हुए खाद्य प्रतिष्ठानों की नियमित जांच की जा रही है।
उन्होंने प्रतिष्ठान संचालकों को गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री ही बेचने, बिना बिल के खाद्य सामग्री की खरीद नहीं करने और स्टॉक का पूरा विवरण रखने के निर्देश दिए। साथ ही कालातीत खाद्य सामग्री का भंडारण अथवा विक्रय नहीं करने, प्रतिष्ठानों में नियमित साफ-सफाई रखने तथा आवश्यकतानुसार कीट नियंत्रण और दवाओं का छिड़काव कराने के निर्देश भी दिए गए।
मिलावट की सूचना देने की अपील
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया कि किसी भी सूरत में मिलावटी खाद्य सामग्री की बिक्री नहीं होने दी जाएगी। विभाग ने खाद्य कारोबारियों को नियमों का पूरी तरह पालन करने की चेतावनी देते हुए कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
साथ ही आम जनता से भी अपील की गई है कि यदि किसी खाद्य पदार्थ में मिलावट की आशंका हो या किसी प्रतिष्ठान में खाद्य सुरक्षा नियमों का उल्लंघन दिखाई दे तो इसकी सूचना विभाग को दें, ताकि तत्काल जांच और आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
खाद्य प्रतिष्ठानों के लिए प्रमुख निर्देश
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा आमजन और खाद्य कारोबारियों को लगातार जागरूक किया जा रहा है। विभाग ने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए प्रतिष्ठान संचालकों को निम्न निर्देशों का पालन करने को कहा है—
सभी खाद्य प्रतिष्ठानों में स्वच्छता और हाइजीन का विशेष ध्यान रखा जाए।
खाद्य पदार्थों में किसी भी प्रकार की मिलावट न की जाए।
सभी पैक्ड खाद्य पदार्थों पर निर्माण तिथि, समाप्ति तिथि और बैच नंबर स्पष्ट रूप से अंकित होना चाहिए।
दुकानों और प्रतिष्ठानों पर रेट लिस्ट अनिवार्य रूप से प्रदर्शित की जाए।
खाद्य सामग्री की खरीद-बिक्री के लिए बिल या कैश मेमो अनिवार्य रूप से लिया और ग्राहकों को दिया जाए।
प्रतिष्ठान में एफएसएसएआई लाइसेंस या रजिस्ट्रेशन प्रमाण पत्र प्रमुख स्थान पर प्रदर्शित किया जाए।
खराब और कालातीत खाद्य सामग्री का विक्रय एवं भंडारण पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
विभाग ने कहा कि खाद्य पदार्थों में किसी भी प्रकार की अनियमितता, शिकायत अथवा खाद्य नमूना फेल पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति या प्रतिष्ठान के खिलाफ एफएसएस एक्ट 2006 के प्रावधानों के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
संयुक्त निरीक्षण अभियान में खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग से वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी असलम खान, राजस्व प्रशासन से तहसीलदार भुवन चंद्र भंडारी सहित अन्य विभागीय कर्मचारी मौजूद रहे। विभाग ने संकेत दिया है कि त्योहारों के दौरान यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।