चर्चित अतुल पवार हत्याकांड में सनसनीखेज खुलासे, पुलिस जांच में सामने आई पूरी साजिश; सपेरे की तलाश जारी
मेरठ। मेरठ के चर्चित अतुल पवार हत्याकांड में पुलिस जांच के दौरान एक के बाद एक चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। जांच में सामने आया है कि आरोपी पत्नी दामिनी ने अपने प्रेमी तुषार के साथ मिलकर कई महीने पहले ही पति की हत्या की साजिश रचनी शुरू कर दी थी। हत्या को हादसा दिखाने के लिए उसने इंटरनेट पर सबसे जहरीले सांपों की जानकारी जुटाई और आखिरकार करैत सांप को अपने मंसूबे के लिए सबसे उपयुक्त माना।
पुलिस के अनुसार दामिनी ने गूगल पर कोबरा, करैत और वाइपर जैसे जहरीले सांपों के बारे में विस्तार से जानकारी खोजी। उसे पता चला कि करैत अत्यधिक विषैला होता है, रात में सक्रिय रहता है और अक्सर भोजन या गर्मी की तलाश में घरों में घुसकर सो रहे लोगों को काट लेता है। इसी वजह से उसने इस सांप का इस्तेमाल कर हत्या की योजना बनाई।
जांच में पता चला कि प्रेमी तुषार ने इंटरनेट से करैत की तस्वीर डाउनलोड कर अपने साथियों सोनू और उदय को दिखाई और किसी भी कीमत पर यही सांप लाने को कहा। इसके लिए दामिनी ने 15 हजार रुपये दिए। बताया जा रहा है कि एक सपेरे की मदद से करीब 15 दिनों की तलाश के बाद करैत सांप पकड़ा गया।
पुलिस के मुताबिक वारदात से पहले सांप को दो दिन तक भूखा रखा गया। घटना वाली रात दामिनी ने पति अतुल को दूध में 10 से 12 नींद की गोलियां मिलाकर पिला दीं, जिससे वह गहरी नींद में सो गया। इसके बाद उसने तुषार को बुलाया और देर रात कथित रूप से खुद ही करैत सांप को पति के बिस्तर पर छोड़ दिया। भूखे सांप ने अतुल को डस लिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
कोबरा से भी ज्यादा जहरीला माना जाता है करैत
विशेषज्ञों के अनुसार करैत को दुनिया के सबसे खतरनाक सांपों में गिना जाता है। इसका जहर तंत्रिका तंत्र पर तेजी से असर करता है और कई मामलों में काटने के दौरान दर्द या सूजन भी महसूस नहीं होती। यही वजह है कि सोते हुए व्यक्ति को अक्सर पता ही नहीं चलता कि उसे सांप ने काट लिया है। समय पर इलाज न मिलने पर यह जानलेवा साबित हो सकता है।
सपेरे की तलाश में पुलिस
पुलिस पूछताछ में यह भी सामने आया है कि सांप पकड़ने में एक अन्य सपेरे ने सोनू और उदय की मदद की थी। पुलिस अब उस सपेरे की तलाश कर रही है। मामले में दामिनी, तुषार, सोनू और उदय से अलग-अलग पूछताछ की गई है। सभी आरोपियों के बयान रिकॉर्ड किए गए हैं, जबकि उनके मोबाइल फोन जब्त कर फोरेंसिक जांच के लिए भेज दिए गए हैं।
पुलिस का कहना है कि फोरेंसिक रिपोर्ट, डिजिटल साक्ष्य और अन्य तकनीकी जांच के आधार पर मामले की हर कड़ी को जोड़ा जा रहा है।
जांच पूरी होने के बाद आरोपियों के खिलाफ मजबूत साक्ष्यों के साथ आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
